संपादक नयन टवली की कलम से ✍️


झाबुआ – कलेक्टर डॉ. योगेश तुकाराम भरसट ने बुधवार को जिले के स्वास्थ्य संस्थानों , विद्यालयों एवं आंगनवाड़ी केंद्रों केऔचक निरीक्षण पर पहुँचे , जहाँ उन्होंने कर सेवाओं की उपलब्धता एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया , कलेक्टर ने उप स्वास्थ्य केन्द्र कालीदेवी का निरीक्षण किया , निरीक्षण के दौरान जानकारी मिली कि केन्द्र पर पिछले छह माह से सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) पदस्थ नहीं है । साथ ही निरीक्षण के समय पदस्थ एएनएम भी अनुपस्थित पाई गई । इस पर कलेक्टर ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने तथा उप स्वास्थ्य केन्द्र पर नियमित स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए , इसके पश्चात कलेक्टर ने उप स्वास्थ्य केन्द्र पिथनपुर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उप स्वास्थ्य केन्द्र बंद पाया गया । इस पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों से स्पष्टीकरण प्राप्त करने एवं स्वास्थ्य संस्थान का नियमित संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए । उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की निरंतर उपलब्धता अत्यंत आवश्यक है तथा इस प्रकार की लापरवाही किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी , उसके बाद कलेक्टर डॉ भरसट ने एकीकृत शासकीय नवीन माध्यमिक विद्यालय झुमका पहुंचे , जहां उन्होंने विद्यार्थियों के साथ बैठकर मध्याह्न भोजन ग्रहण किया तथा भोजन की गुणवत्ता ठीक नहीं होने पर समूह को नोटिस देने के निर्देश दिए । उन्होंने विद्यालय में रसोईघर (किचन) के अभाव को देखते हुए ग्राम पंचायत के सरपंच, सचिव को शीघ्र किचन निर्माण कराने के निर्देश दिए , जिससे मध्याह्न भोजन व्यवस्था और अधिक व्यवस्थित एवं सुरक्षित रूप से संचालित हो सके , इसके पश्चात कलेक्टर ने पिपलिया पारा रोड स्थित आंगनवाड़ी केन्द्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान केन्द्र में पंजीकृत 25 बच्चों के विरुद्ध 9 बच्चे उपस्थित मिले। उन्होंने बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए नियमित संपर्क एवं आवश्यक प्रयास करने के निर्देश दिए। निरीक्षण में बच्चों का वजन करने की मशीन उपलब्ध नहीं पाई गई, जिस पर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल वजन मशीन उपलब्ध कराने तथा बच्चों के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण एवं पोषण संबंधी गतिविधियों का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ।





