संपादक नयन टवली की कलम से ✍️

आलीराजपुर – कलेक्टर नीतू माथुर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में जिले के सभी होटल-रेस्टोरेंट संचालकों तथा पेट्रोल पंप संचालकों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए ईंधन की उपलब्धता और वैकल्पिक संसाधनों के उपयोग पर चर्चा की गई , बैठक के दौरान कलेक्टर माथुर ने होटल और रेस्टोरेंट संचालकों से गैस सिलेंडर की उपलब्धता और संचालन में उपयोग किए जा रहे वैकल्पिक संसाधनों के बारे में जानकारी ली । कुछ संचालकों ने बताया कि वे एलपीजी गैस के विकल्प के रूप में डीजल भट्ठी और इंडक्शन चूल्हों का उपयोग कर रहे हैं । कलेक्टर ने सभी संचालकों से आग्रह किया कि व्यवसाय को बाधित होने से बचाने के लिए ईंधन के वैकल्पिक संसाधनों का उपयोग करें और विपरीत परिस्थितियों में प्रशासन का सहयोग करें , कलेक्टर माथुर ने बताया कि वर्तमान स्थिति में चिकित्सालय और शैक्षणिक संस्थानों को छोड़कर अन्य वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को कमर्शियल एलपीजी गैस की आपूर्ति अस्थायी रूप से नहीं की जाएगी । उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि वाणिज्यिक संस्थानों में घरेलू एलपीजी सिलेंडर का उपयोग नहीं किया जाए , बैठक में पेट्रोल पंप संचालकों से जिले में पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई । संचालकों ने बताया कि जिले में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति में किसी प्रकार की बाधा नहीं है। कलेक्टर माथुर ने निर्देश दिए कि पेट्रोल-डीजल की अनावश्यक जमाखोरी न होने दें और उपभोक्ताओं को आवश्यकता अनुसार ही ईंधन उपलब्ध कराया जाए । साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई व्यक्ति अवैध रूप से ईंधन (पेट्रोल , डीजल,घरेलू गैस सिलेंडर) की जमाखोरी या कालाबाजारी करते पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी । साथ ही उन्होंने आमजन से अपील की कि किसी भी प्रकार की अफवाहों या भ्रांतियों पर ध्यान न दें और जिले में गैस सिलेंडर जैसी समस्याओं के समाधान के लिए नागरिक जिला मुख्यालय पर बनाए गए कंट्रोल रूम +917552840602 में संपर्क कर सकते है , बैठक में संयुक्त कलेक्टर वीरेंद्र बघेल , डिप्टी कलेक्टर दीपिका पाटीदार , जिले के होटल और रेस्टोरेंट संचालक , पेट्रोल पंप संचालक तथा खाद्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे ।










