संपादक नयन टवली की कलम से ✍️

झाबुआ – जिले में शासकीय जमीन पर अवैध कब्जे के खिलाफ प्रशासन ने एक बार फिर सख्त रुख अख्तियार किया है । ग्राम माधोपुरा में बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान (आर-सेटी) को आवंटित जमीन पर किए गए अवैध कब्जे को एसडीएम महेश मंडलोई के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने सफलतापूर्वक हटा दिया है । चूंकि यह मामला काफी संवेदनशील था और मौके पर विवाद की पूरी आशंका थी, जिसे देखते हुए एसडीएम ने स्वयं मोर्चा संभाला और शांतिपूर्ण ढंग से शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया , अतिक्रमण के कारण उत्पन्न हो रही थी रास्ते की समस्या प्राप्त जानकारी के अनुसार, तेगू पिता पांगला वसुनिया द्वारा शासकीय भूमि पर अवैध रूप से मकान बनाकर कब्जा कर लिया गया था । इस अवैध निर्माण के कारण संबंधित विभाग (बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान) को आवंटित की गई भूमि में रास्ते को लेकर भारी समस्या उत्पन्न हो रही थी । मामले की संवेदनशीलता को भांपते हुए एसडीएम महेश मंडलोई अपने साथ डिप्टी कलेक्टर सुनील डावर व राजस्व अमले को लेकर मौके पर पहुंचे और सख्ती के साथ जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया , कार्रवाई के लिए गठित किया गया था विशेष दल दरअसल , बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान ने पत्र प्रस्तुत कर अवगत कराया था कि ग्राम माधोपुरा स्थित उन्हें आवंटित 0.500 हेक्टेयर भूमि (सर्वे नंबर 100/1) पर बाउंड्री वॉल का निर्माण प्रस्तावित है। इसके लिए भूमि का सीमांकन होना अत्यंत आवश्यक था । सीमांकन के दौरान किसी भी प्रकार के विवाद की स्थिति से निपटने के लिए एक विशेष दल का गठन किया गया था । इसमें नायब तहसीलदार ललित नांदले, राजस्व निरीक्षक हिमाल कटारा, पटवारी दुलेसिंह सिंगाड़, मलजी डामोर, संजय सोनी, करण बामनिया और संदीप ढांक शामिल थे ।
एसडीएम महेश मंडलोई :- शासकीय भूमियों पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ग्राम माधोपुरा में बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान (आर-सेटी) को आवंटित भूमि पर अतिक्रमण के कारण रास्ते में बाधा उत्पन्न हो रही थी। भूमि को पूर्णतः अतिक्रमण मुक्त करा दिया गया है। शासकीय संपत्तियों की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है और भविष्य में भी अतिक्रमणकारियों के खिलाफ प्रशासन की यह सख्त कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी ।





