संपादक नयन टवली की कलम से ✍️

झाबुआ – मध्यप्रदेश शासन द्वारा कृषकों के हित में चलाई जा रही भावांतर भुगतान योजना के अंतर्गत आज से सोयाबीन की खरीदी का कार्य जिले की सभी अधिसूचित कृषि उपज मंडी समितियों में प्रारंभ हो गया , शासन द्वारा सोयाबीन के विक्रय हेतु अवधि 24 अक्टूबर 2025 से 15 जनवरी 2026 तक निर्धारित की गई है , कलेक्टर नेहा मीना के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में जिले की समस्त मंडियों में सोयाबीन खरीदी के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ पूर्व से ही सुनिश्चित की गईं हैं , ताकि पंजीकृत किसान बिना किसी असुविधा के अपनी उपज का विक्रय कर सकें , कृषि उपज मंडी समिति झाबुआ में भावांतर योजना के शुभारंभ अवसर पर कृषक एवं व्यापारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे , इस अवसर पर ग्राम रूपारेल ( विकासखण्ड रामा ) के किसान श्री रामसिंह पिता श्री धोलिया परमार द्वारा 5 क्विंटल सोयाबीन विक्रय हेतु मंडी में उपस्थित होकर योजना के अंतर्गत विक्रय की प्रक्रिया का शुभारंभ किया गया , सोयाबीन क्रय हेतु उपस्थित पाँच अधिकृत व्यापारियों राज ट्रेडर्स झाबुआ से अजय पुरोहित , संदीप कुमार लक्ष्मीचंद जैन , अन्नपूर्णा ट्रेडर्स से रविंद्र राठौड़ , जयंतीलाल इंदरमल शाह , तथा ऋषि ट्रेडर्स झाबुआ का स्वागत मंडी सचिव श्री नब्बूसिंह मेड़ा , उप संचालक कृषि श्री नगीनसिंह रावत एवं एसडीएम झाबुआ श्री भास्कर गाचले द्वारा पुष्पमालाओं से किया गया , इस अवसर पर कृषक श्री रामसिंह की उपज की गुणवत्ता के आधार पर बोली प्रक्रिया संपन्न हुई , जिसमें राज ट्रेडर्स के श्री अजय पुरोहित द्वारा अंतिम बोली ₹4161 प्रति क्विंटल निर्धारित की गई , इसी प्रकार कृषि उपज मंडी समिति थांदला में 04 कृषकों द्वारा कुल 60 क्विंटल तथा पेटलावद, उपमंडी बामनिया एवं सारंगी में 15 कृषकों द्वारा कुल 187 क्विंटल सोयाबीन का विक्रय किया गया , कृषकों ने प्राप्त दामों एवं योजना के सुचारू क्रियान्वयन पर प्रसन्नता व्यक्त की , उपस्थित व्यापारियों एवं अन्य किसानों ने शासन की इस महत्वाकांक्षी योजना की सराहना करते हुए कहा कि इससे किसानों को उचित मूल्य प्राप्त करने में सहायता मिलेगी , कृषक भाइयों से अपील है कि वे भावांतर योजना अंतर्गत पंजीयन के समय प्राप्त पर्ची लेकर 24 अक्टूबर 2025 से 15 जनवरी 2026 तक कार्यालयीन समय में जिले की अधिसूचित कृषि उपज मंडी समितियों में अपनी सोयाबीन उपज का विक्रय कर शासन की इस लाभकारी योजना का लाभ उठाएँ ।





